तेरे इश्क़ में जब से तेरी आँखों में देखा, दिल को फिर क़रार आया, जब से तेरी बाँहों में सोया, दिल पे फिर ख़ुमार आया। चाँदनी में जब मिले हम, चाँद भी शरमाया रात भर तारों के दिल में इश्क़ का निखार आया। तेरी सादापन पे मरकर, दिल ने तुझको अपनाया तेरी मीठी बात सुनकर, ज़िंदगी में प्यार आया। पहली उस मुलाक़ात का हर पल अभी तक याद है मुझको, तेरी पहली मुस्कुराहट से नया संसार आया। वो सुहानी रात अपनी, चाँदनी का वो नज़ारा, तेरी बाँहों में सिमटकर जन्नतों का प्यार आया। फूल बरसे, चाँद चमका, आसमाँ भी मुस्कुराया, तेरे मेरे मिलन पर हर तरफ़ त्योहार आया। तन से, मन से प्यार देकर तूने मुझको जीना सिखलाया, तेरी चाहत से ही मुझको ज़िंदगी पर ऐतबार आया। 'जासू' को अब क्या तमन्ना, जब मिला है प्यार तेरा, तेरी उल्फ़त से ही उसके दिल को फिर क़रार आया।