
[Verse 1] कान्हा की मस्ती में दुनिया मस्तानी लागे, मस्तानी लागे, इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे, हो, इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे।। [Pre-Chorus] कान्हा तुम करुणा के सागर, तुम हो पालनहार, मैं हूँ भोला एक मुसाफिर, पकड़ लो मेरा हाथ, तुम संग कठिन डागर भी सुहानी लागे, हाँ सुहानी लागे, [Chorus] इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे, इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे।। [Verse 2] कान्हा कान्हा नाम रटू मैं, अब तो आठों याम, तन की बाधा दूर करत है, कान्हा कान्हा नाम, कान्हा नाम से सफल जिंदगानी लागे, जिंदगानी लागे, [Chorus] इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे, इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे।। [Verse 3] ना भाए मुझे माखन-मिश्री, अब ना कोई मिठाई, मेरे मन को भाए अब तो, कान्हा नाम मलाई, कान्हा के बगैर दुनिया वीरानी लागे, हाँ वीरानी लागे, [Chorus] इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे, हो, इनके प्रेम में तो राधा भी दीवानी लागे रे।।

